
आज से 7 साल पहले मुझे भी यही लगता था ये फोरेक्स है क्या? ये मुझे समझ आया शेयर बाज़ार मैं अपना करियर ढूंड़ने के दौरान हलाकि इसकी कहानी बहूत लम्बी है पर मैं आपको बहूत आसान और सरल भाषा मैं समझाने की कोशिश करूँगा। फोरेक्स मार्केट दुनियां सबसे बड़ा बाजार होने के साथ - साथ हमारे देश मैं केवल 2 % लोग ही ऐसे है जो इसका फ़ायदा उठा रहे है या जानते है। कुछ ऐसे लोग है जो यूट्यूब सोशल मिडिया के माध्यम से जानकारी रखते है और अपना मेहनत से कमाया धन गवा देते है।
इस पोस्ट के द्वारा हमारा पूरा कोशिश रहेगा की आप को फोरेक्स और फोरेक्स ट्रेडिंग के बारे मैं आसान भाषा मैं समाझने की कोशिश करेंगे।
फोरेक्स किया है ?
हम थोड़ा अपने पूर्वजो के जीवन मैं घूमने की कोशिश करते है आज से हज़ारों साल पहले, मुद्राएँ जैसी हम आज जानते हैं, नहीं थी लेकिन लोगों ने व्यापार, सामान व्यापार, और खरीददारी के लिए वस्तु विनिमय प्रणाली का इस्तमाल किया था। वस्तु विनिमय प्रणाली में लोग एक वास्तु को दूसरे वास्तु के बदले में विनिमय करते थे।
जैसे की, कोई किसान अपने फसल को दूसरे उत्पाद के बदले में बेच सकता था यानी एक किसान दूसरे किसान के साथ मिल कर अनाज का आदान-प्रदान करते थे जिससे दोनो की जरूरते पूरी हो जाती थी। ये व्यापार प्रणाली स्थानीय समुदायों में वस्तुओं का आदान-प्रदान करने के लिए इस्तमाल होता था।

बाद मैं लोग कीमती धातुओं जैसे सोना और चांदी का इस्तेमाल मुद्रा के रूप मैं करने लगे । जो धातुओं में मूल्य के रूप में स्वीकार किया जाता था और उनका विनिमय और व्यापार होता था। समय धीरे- धीरे आगे बढ़ता गया हमारे पूर्वज विकसित होते गए अब व्यापार एक जगह से दूसरी जगह जाने लगा जिस कारण करेंसी की उत्पत्ति सोने चांदी के रूप मैं हुयी और फिर पेपर करेंसी जैसे( हमारे देश की करेंसी रूपया है) की उत्पत्ति हुयी।
लगभग 1000 ईसा पूर्व सबसे प्राचीन मुद्रा सोने चांदी के सिक्के को मूल्य के रूप मैं चीनी सभ्यता में उपयोग की गई थी ।
आधुनिक मुद्रा (cureccy ) जैसे हम उपयोग करते हैं, उसका प्रारंभ, प्राचीन सभ्यताएं और मध्य युग में होता है जब लोगों ने सिक्कों का परिचय दिया था, जिनके ऊपर शासकों के चित्र या प्रतीक होते थे।
कागजी मुद्रा का सिस्टम, जिसे हम आधुनिक मुद्रा के रूप में मानते हैं, चीन के सोंग राजवंश (लगभग 7वीं शताब्दी ई.पू.) के दौरान शुरू हुआ था। ये शुरू में बैंक नोटों के रूप में इस्तेमाल होता था जो कीमती धातुओं के मुद्दे के खिलाफ थे।
लेकिन आज के जो आधुनिक केंद्रीय बैंकिंग प्रणाली और कागजी मुद्रा है, वह मुख्य रूप से 17वीं शताब्दी से विकसित हुई है। स्वीडन के केंद्रीय बैंक रिक्सबैंक ने 1661 में दुनिया का पहला आधिकारिक केंद्रीय बैंक की स्थापना की थी और इसके बाद कागजी मुद्रा का व्यापक शुरू हुआ।
ये तो बात हो गयी करेंसी ( mudra) की हर देश देश की अपनी एक आधिकारिक मुद्रा है जैसे भारत का रुपया, जापान का येन, यूरोप का यूरो, अमेरिका का डॉलर, स्विडजरलैंड का स्विच फ्रैंक, चाइना का चाइनीच येन, ऑस्ट्रेलिया का औस्टेलियन डॉलर ऐसे ही सभी देश का अपना मुद्रा होता है।
अब आपके दिमाग़ मैं आ रहा होगा ये तो ठीक है पर फोरेक्स किया है?
तो चलिए अब फोरेक्स या (फोरेक्स मार्केट) के बारे मैं जानते है, मैं एक भारतीय हूँ मुझे किसी भी वस्तु या सामान की जरुरत है अब उस सामान को खरीदने के लिए मुझे रुपये की जरुरत है जो मेरे पास है अब मैं मार्केट जाऊंगा और उसे रुपये देकर खरीद लूंगा लेकिन अगर जो सामान मुझे चाहिए ओ भारत मैं नहीं है और यह सामान अमेरिका मैं उपलब्ध है जो मुझे अमेरिका से मगाना पड़ेगा, इस सामान को मगाने के लिए मुझे सबसे पहले रुपये को डॉलर मैम एक्सचेंज करना होगा उसके बाद मैं डॉलर से अपना मनपसंद सामान ले सकता हूँ।
इसी रुपये और डॉलर के एक्सचेंज को ही फोरेक्स( फोरेक्स ट्रेडिंग )कहते है
आम तौर पर हम जब भी किसी देश मैं घूमने या व्यापार करने जाते है हमें उस देश की मुद्रा की जरुरत होती है उस देश की मुद्रा को पाने के लिए हम अपने देश की मुद्रा को उस देश की मुद्रा मैं change कर देते है ताकि हम आसानी से उस देश मैं घूम या व्यापार कर सकते है इस कारवाही को हम फोरेक्स ट्रेडिंग कह सकते है।
फोरेक्स एक्सचेंज के लिए ये दो शब्दो का बहूत अहमियत है
1 ब्रोकर.
2 एक्सचेंज.
किसी भी देश की मुद्रा को प्राप्त करने के लिए हमें एक ब्रोकर की जरुरत होती है जो हमारे रूपये को डॉलर मैं एक्सचेंज कर सके।
फोरेक्स ट्रेडिंग क्या है
आसान शब्दो मैं Forex trading (विदेशी मुद्रा व्यापार) एक प्रकार का व्यापार (bussiness )है जिसमे curenccy (मुद्राएं) खरीदी या बची जाती हैं। इसमे traders (व्यापारियों ) को करेंसी के मूल्यों में बदलाव के कारण फ़ायदा या नुकसान है। आज से करीब 1970 के दशक में फोरेक्स बाजार की शुरुआत यूरोप में हुई थी जब 1970 के दशक में (ब्रेटन वुड्स) समझौते के बाद निश्चित विनिमय दर प्रणाली ख़त्म हुई। उसके बाद से ये बाजार धीरे-धीरे विकसित हुआ और अब ये एक बड़ा वैश्विक वित्तीय बाजार है जहां 24 घंटे ट्रेडिंग होती है। ये बाजार दुनिया भर के बैंकों, निगमों, सरकारों और व्यक्तिगत व्यापारियों के बीच होती है।
उदहारण
For example
मान लीजिये आपने सोचा या आपको लगता है अमेरिकी डॉलर (1 usd) का मूल्य भारतीय रुपये (82 inr) की तुलना में बढ़ने वाला है तो आप विदेशी मुद्रा बाजार (Forex exchange )में jakar us doller खरीद लेते हैं। 82 INR का 1 USD खरीद लेते है क्योंकी आपको लगता है 1USD का मूल्य 82 INR की तुलना में बढ़ने वाला है। अगर आपकी धारणा सही निकलती है और 1 USD का मूल्य 83 INR हो जाता है और आप अपने USD को बेचेंगे तो आपको 1 रुपये का लाभ होता है ।
यहाँ पर आपने forex trading करके 1 रुपये का मुनाफा कमा लिया है, इसी प्रक्रिया को forex trading कहते है।
दोस्तों उम्मीद है आपको फोरेक्स के बारे मैं जानकारी अच्छी लगी होंगी। धन्यवाद
Forex trading सुरु कैसे करें इसके बारे मैं जानने के लिए फॉलो करें हम ला रहे है forex trading की पूरी जानकारी 0 से कैसे हीरो बने हर सप्ताह 2 पोस्ट और 3 दिन फ्री forex signale पोस्ट किये जायेंगे।
सूचना :- दोस्तों अगर आप forex trading के बारे मैं जानकारी रखते है तो हमारे कम्युनिटी का हिस्सा बनकर नये ट्रेडस जो अभी इस फिल्ड मैं अपना भविष्य देख रहे है उसनका मार्गदर्शन कर सकते है।